सोशल डिस्टेंसिंग मामले मे दवा कारोबारी पर एक्शन

Action on medical stores for not maintaining social distance.

775
Medical Store Pharmacy Medicine Pharmacist
Picture: Pixabay

गोरखपुर : कोरोना एपिडेमिक को लेकर हुए लॉकडाउन-2 में जहां सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराने के लिए अवेयरनेस कैंपेन से लेकर दंड बैठक तक कराए जाए रहे हैं। वहीं पूर्वाचल की सबसे बड़ी दवा मंडी भालोटिया में दवा कारोबारी पैसा कमाने की होड़ में सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करना ही भूल जा रहे हैं।

गोरखपुर समेत, सोनौली बार्डर, बिहार के सिवान, बलिया, आजमगढ़, बस्ती, महाराजगंज आदि जिले से हजारों की संख्या में फुटकर दवा व्यापारियों की भीड़ जुट रही है, जो जाने अनजाने में कोरोना कैरियर का काम कर रहे हैं। ड्रग्स इंस्पेक्टर की कार्रवाई और चेतावनी के बाद भी दुकानदार सोशल डिस्टेंसिंग मेंटेन नहीं कर रहे हैं। हांलाकि भीड़ को देखते हुए कचहरी क्लब के मैदान में पार्किंग की व्यवस्था कराई गई है। सहायक आयुक्त औषधि राजेश श्रीवास्तव व ड्रग्स इंस्पेक्टर जय सिंह ने  सोशल डिस्टेंसिंग का पालन न करने वाले दुकानदारों के खिलाफ ताबड़तोड़ एक्शन लिया गया।

येँ भी पढ़ें  : अब 15 मिनट में कोरोना टेस्ट, भारत में बन रही किट

ड्रग्स इंस्पेक्टर जय सिंह ने इस्ट यूपी के सबसे बड़े दवा मार्केट में सोशल डिस्टेंसिंग को लेकर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान जहां फुटकर दवा कारोबारी सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों की धज्जियां उड़ाते पाए गए। वहीं गोरखपुर मंडल के सहायक आयुक्त औषधि राजेश श्रीवास्तव व ड्रग्स इंस्पेक्टर जय सिंह ने संयुक्त रूप से छापेमारी की।

इस दौरान थोक दवा व्यापारी एसके फार्मा, जीएम काम्प्लेक्स स्थित बजरंग फार्मा एवं पशुपति दवा बाजार स्थित राधे मेडिकल एजेंसी के संचालक सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों की धज्जियां उड़ाने पर औषधि व प्रसाधन सामग्री अधिनियम 1940 के तहत अग्रिम आदेश तक दुकानें बंद रखने का आदेश दिया। इसके पूर्व दुकान खोलते हुए पाए जाने पर उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। ड्रग्स इंस्पेक्टर ने अन्य दुकानदारों को भी चेतावनी दिया है कि दुकानों पर भीड़ होने पर कार्रवाई के लिए तैयार रहें।